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मेसमेकर का वजन मात्र 2 ग्राम व साइज में पेसमेकर एक बड़े विटामिन कैप्सूल के आकार के बराबर

 

देहरादून। महंत इन्दिरेश असप्ताल के काॅर्डियोलाॅजी विभाग में ह्दयरोगी को दुनिया का सबसे छोटा लीडलैस पेसमेकर लगाया गया। 45 वर्षीय महिला को लंबे समय से ह्दय रोग की समस्या थी। काॅर्डियोलाॅजी विभाग के प्रुमुख डाॅ (कर्नल) सलिल गर्ग व उनकी टीम ने पेसमेकर माइक्रा इम्प्लांट प्रोसीजर कर महिला ह्दय रोगी का सफल उपचार किया। श्री महंत इन्दिरेश अस्पताल के चेयरमैन श्रीमहंत देवेन्द्र दास जी महाराज ने काॅर्डियोलाॅजी की टीम को बधाई दी।
श्री महंत इन्दिरेश अस्पताल के वरिष्ठ काॅर्डियोलाॅजिस्ट एवम् विभागाध्यक्ष डाॅ (कर्नल) सलिल गर्ग ने जानकारी दी कि इस मेसमेकर का वजन मात्र 2 ग्राम है व साइज में यह पेसमेकर एक बड़े विटामिन कैप्सूल के आकार के बराबर है। मेडिकल साइंस में इसे माइक्रा ट्रांसकैथेटर पेसिंग सिस्टम कहते हैं। दुनिया के ब्रेडिकाॅर्डिया के रोगियों के लिए यह मेसमेकर विश्व का सबसे छोटा पेसमेकर है। अभी तक यह पेसमेकर लगाने की सुुविधा देश के मैट्रों शहरों के नामचीन अस्पतालों में ही उपलब्ध थी। अब श्री महंत इन्दिरेश अस्पताल में यह सेवा उपलब्ध होने से मरीजों को काफी सुविधा मिलेगी। ईसीएचएस, ईएसआई व सीजीएचएस ब्रेडिकाॅर्डिया के रोगियों को नियमानुसार माइक्रा ट्रांसकैथेटर पेसिंग सिस्टम का लाभ उपलब्ध है।
मरीज को पहले से एक पेसमेकर लगा हुआ था। संक्रमण की वजह से उस पेसमेकर को हटाया गया। डाॅक्टरों के सामने नया पेसमेकर लगाए जाने की चुनौती थी। माइक्रा ट्रांसकैथेटर पेसिंग सिस्टम लगाकर मरीज का सफलतापूर्वक काॅर्डियक उपचार किया गया।

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